नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में सोमवार को सुरक्षा और अपराध के मामलों में हड़कंप मच गया। शहर में एक ही दिन तीन बड़ी घटनाएं सामने आईं। सीलमपुर में सर्राफा व्यापारी से डेढ़ किलो सोना लूट लिया गया, आईपी स्टेट इलाके में पुलिस और बदमाश के बीच एनकाउंटर हुआ, जबकि साउथ-वेस्ट जिले की साइबर टीम ने बड़े ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट फ्रॉड रैकेट का पर्दाफाश कर 11 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया।
सीलमपुर में सर्राफा व्यापारी से सोने की लूट
दिल्ली के सीलमपुर इलाके में चांदनी चौक के सर्राफा व्यापारी प्रथम बंसल से डेढ़ किलो सोना लूट लिया गया। घटना उस समय हुई जब व्यापारी अपने घर शाहदरा जा रहे थे। लुटेरे मौके से फरार हो गए। पुलिस ने बताया कि लूट का मूल्य लगभग डेढ़ करोड़ रुपये है और मामले की जांच जारी है।
आईपी स्टेट में हाफ एनकाउंटर, हत्या और लूट का आरोपी गिरफ्तार
आईपी स्टेट इलाके में दिल्ली पुलिस और अपराधियों के बीच एनकाउंटर हुआ। इस कार्रवाई में कई राउंड गोलियां चलीं, जिसमें आरोपी अजय कालिया के पैर में गोली लगी। अजय कालिया पर हत्या और लूट जैसी गंभीर वारदातों में शामिल होने का आरोप था। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
साइबर ठगों का नेटवर्क हुआ बेनकाब, 11 गिरफ्तार
साउथ-वेस्ट जिले की साइबर थाना टीम ने बड़े ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट फ्रॉड रैकेट का पर्दाफाश किया। गिरोह दिल्ली और मुंबई से संचालित हो रहा था और लोगों को भारी मुनाफे का लालच देकर ठगी करता था। पुलिस ने 11 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया, जिनमें तजिंदर सिंह उर्फ लकी, आशीष सैनी, शिव दयाल सिंह, शिवा और गिरिराज किशोर शामिल हैं।
जांच में पता चला कि गिरोह ने फेसबुक पर फर्जी विज्ञापन दिखाकर एक 60 वर्षीय वरिष्ठ नागरिक से 22.67 लाख रुपये की ठगी की। NSP में गिरोह ने फर्जी ऑफिस स्थापित किया था, जहां से नकली बैंक खाते तैयार किए जाते थे। राजस्थान के बिजाई नगर (ब्यावर) में छापेमारी के दौरान रामदेव सांगला, प्रवीण कुमावत, दीपक मेवाड़ा और त्रिलोक चंद नायक को भी गिरफ्तार किया गया। ये बैंक खातों के जरिए मुंबई में बैठे PK नामक व्यक्ति को रकम ट्रांसफर कर रहे थे। जांच में यह भी सामने आया कि यह गिरोह कंबोडिया में बैठे साइबर ठगों के लिए भारत में बैंक खातों का इंतजाम करता था।
